इटावा : समाज में बढ़ती दूरियों और टूटते पारिवारिक संबंधों पर चिंता जताते हुए मानव कल्याण सेवा समिति के राष्ट्रीय अध्यक्ष जगरामाचार्य ने कहा कि आज चारों ओर नफरत का माहौल बनाया जा रहा है, जिसके कारण रिश्ते कमजोर हो रहे हैं और परिवार बिखर रहे हैं। पति-पत्नी के बीच भी कलह बढ़ रही है। भारतीय संस्कृति और पारिवारिक मूल्यों को बचाने के लिए सभी को मिलकर प्रयास करना होगा। उन्होंने यह विचार रविवार को प्रमोद सिंह यादव, प्रदेश अध्यक्ष (गुजरात) के पैतृक गांव भूठा समथर में उनके भाई स्वर्गीय शिवराज सिंह यादव की श्रद्धांजलि सभा को संबोधित करते हुए व्यक्त किए। दिवंगत आत्मा को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए उन्होंने कहा कि सौहार्दपूर्ण वातावरण को समाप्त करने की साजिश के तहत समाज को एकाकी बनाया जा रहा है। टीवी धारावाहिकों और अन्य माध्यमों से परिवारों में कलह और रिश्तों में खटास को बढ़ावा दिया जा रहा है।

उन्होंने कहा कि भारतीय संस्कृति को कमजोर कर समाज को बांटने का प्रयास किया जा रहा है। इससे बचने के लिए परिवारों को सत्संग, पूजा-अर्चना, कहानी-किस्सों या सामूहिक भोजन जैसे अवसरों पर एक साथ बैठने की परंपरा विकसित करनी चाहिए। इससे रिश्ते मजबूत होंगे और परिवारों में खुशियां लौटेंगी।
मानव कल्याण सेवा समिति के बुद्धिजीवी प्रकोष्ठ के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व महादिवक्ता हाईकोर्ट लखनऊ राजबहादुर सिंह ने भारतीय संस्कृति की विशेषताओं पर प्रकाश डालते हुए पूर्वजों के सादगीपूर्ण और संतुलित जीवन का उल्लेख किया। महिला प्रकोष्ठ की राष्ट्रीय अध्यक्ष अनीता सिंह ने महिलाओं से सामाजिक परंपराओं के संरक्षण में अग्रणी भूमिका निभाने का आह्वान किया।
इस अवसर पर पूर्व प्रधानाचार्य जगदीश सिंह, पूर्व प्रधानाचार्य नाथूराम, जिलाध्यक्ष श्री नारायण, ब्रह्मदत्त द्विवेदी सहित अन्य वक्ताओं ने भी विचार व्यक्त किए। कार्यक्रम का संचालन आचार्य संत प्रकाश आर्य ने किया, जबकि प्रमोद सिंह यादव ने सभी अतिथियों का आभार व्यक्त किया।
